बुद्ध पूर्णिमा के मौके पर पीएम मोदी ने किया संबोधित कहा पहले जैसी नहीं रहेगी अब धरती

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पीएम मोदी ने कहा कि कोरोना महामारी के बाद धरती नहीं रहेगी पहले जैसी

कोरोना वायरस की दूसरी लहर भारत के लिए किसी अभिशाप जैसी साबित हो रही है. रोजाना कोरोना संक्रमण के मामले और मौतों की संख्या भयानक है. इसको लेकर बात करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुद्ध पूर्णिमा पर कहा कि कोविड-19 के बाद धरती पहले जैसी नहीं रहेगी, साथ ही उन्होंने कहा कि भविष्य में होने वाली घटनाओं को प्री या पोस्ट कोविड के रूप में याद किया जाएगा.

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भविष्य में होने वाली घटनाओं को प्री या पोस्ट कोविड के रूप में याद किया जाएगा

बुद्ध पूर्णिमा पर “वर्चुअल वेसाक ग्लोबल सेलिब्रेशन” के अवसर पर भाषण देते हुए पीएम मोदी ने कहा कि अब इस महामारी को लेकर,लोगों में  बेहतर समझ विकसित हो गई है. आज हमारे पास टीके उपलब्ध हैं जो लोगों की जान बचाने और महामारी को हराने के लिए महत्वपूर्ण है. भारत को अपने वैज्ञानिकों पर गर्व है.

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पीएम ने कहा कि भारत इस चुनौती का मजबूती से मुकाबला कर रहा है

प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत इस चुनौती का मजबूती से मुकाबला कर रहा है और इसमें टीके की भूमिका महत्वपूर्ण है.प्रधानमंत्री ने इस महामारी में मारे गए लोगों के प्रति संवेदना व्यक्त की और कहा कि इस महामारी में जिन्होंने अपने प्रियजन को खोया और जो इससे पीड़ित रहे, वो सभी उनके दुख में शामिल हैं.

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पीेएम मोदी ने कोरोना महामारी के समय भी कर रहे लोगों की सेवा के लिए डॉक्टर्स को किया सलाम

आपको बता दें कि वेसाक ग्लोबल सेलिब्रेशन का ये आयोजन भारत सरकार का संस्कृति मंत्रालय अंतरराष्ट्रीय बौद्ध परिसंघ के सहयोग से करता है. इसमें दुनिया भर के बौद्ध संघों के सर्वोच्च प्रमुख शामिल रहे. पीएमओ के मुताबिक इस समारोह को दुनिया के 50 से अधिक प्रमुख बौद्ध धार्मिक नेता संबोधित करेंगे. वैसाख बुद्ध पूर्णिमा को गौतम बुद्ध के जन्म, बुद्धत्व की प्राप्ति और महा परिनिर्वाण दिवस के रूप में मनाया जाता है.

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वेसाक ग्लोबल सेलिब्रेशन के लहत पीएम ने किया वर्चुअली संबोधन

पीएम मोदी ने कहा कि मैं फ्रंटलाइन हेल्थकेयर वर्कर्स,डॉक्टरों,नर्सों को एक बार फिर सलाम करता हूं जो निस्वार्थ भाव से दूसरों की सेवा करने के लिए अपनी जान जोखिम में डालते हैं और जिन्होंने अपने प्रियजनों को खोया है. उनके परिजनों के प्रति शोक व्यक्त करता हूं.. कई देशों और भारत ने कोरोना महामारी की दूसरी लहर को महसूस किया है. हमने एक सदी से इस तरह की महामारी नहीं देखी. पिछले एक साल में कई बदलाव हुए, अब हमें महामारी की बेहतर समझ है, हमारे पास वैक्सीन है.