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रविवार, अक्टूबर 17, 2021

Covid-19 के मामलों पर भारत बना अफवाहों का गढ़, दूसरे नंबर पर रहा यह देश..

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देश भर में इंटरनेट की पहुंच उच्च स्तर पर हैं। ऐसे में भारत में Covid-19 के संबंध में सोशल मीडिया पर सबसे अधिक गलत जानकारी लोगों दी गई। जिससे लोगों के डर ने उनको खतरे में डाला हैं। एक नए अध्ययन में यह दावा किया गया हैं। इस सूची में दूसरे नंबर पर अमेरिका है। 

दरअसल, अध्ययन में बताया गया हैं कि भारत में सबसे ज्यादा इंटरनेट इस्तेमाल होने और साथ में इंटरनेट साक्षरता की कमी के कारण Covid-19 को लेकर यहां सोशल मीडिया पर सबसे ज्यादा गलत जानकारियां पोस्ट की गईं। 

‘प्रिवलेंस एंड सोर्स एनलाइसिस ऑफ Covid-19 मिसइंर्फोमेशन’ नाम से यह अध्ययन 138 कंट्रीज में किया गया था, जो ‘सेज इंटरनेशनल फेडरेशन ऑफ लाइब्रेरी एसोसिएशंस एंड इंस्टीट्यूशंस’ पत्रिका में छापा गया हैं। 138 देशों में शेयर की गई 9 हजार 657 भ्रामक जानकारियों के आधार पर यह स्टडी की गई है। इन्हें 94 संगठनों ने फैक्ट चेक किया ताकि अलग-अलग देशों से आई भ्रामक जानकारियों का सोर्स पता लगाया जा सके। 

जिसके बाद अध्ययन में कहा गया हैं कि, ‘‘सभी देशों में से, भारत में सोशल मीडिया पर सबसे अधिक 18.07 प्रतिशत गलत जानकारी दी गई, जिसका कारण शायद देश की उच्च इंटरनेट पहुंच दर, सोशल मीडिया के इस्तेमाल में वृद्धि और उपयोगकर्ताओं में इंटरनेट साक्षरता की कमी है।’’

परिणामों के आधार पर, अध्ययन में कहा गया है, ऐसा माना जाता है कि Covid-19 संबंधी गलत सूचना के प्रसार का वैश्विक महामारी की स्थिति के साथ संबंध हो सकता है। अध्ययन में कहा गया, ‘‘सोशल मीडिया सबसे अधिक 84.94 प्रतिशत गलत जानकारी फैलाता है और इंटरनेट Covid-19 संबंधी गलत जानकारी देने के लिए 90.5 प्रतिशत जिम्मेदार है। इनके अलावा, सोशल मीडिया मंचों में केवल फेसबुक के जरिए ही 66.87 प्रतिशत गलत जानकारी दी गई ।’’

इससे पहले, विश्व स्वास्थ्य संगठन(WHO) ने भी चेतावनी दी थी कि Covid-19 के संबंध में गलत जानकारी फैल रही है और यह लोगों को खतरे में डाल रही है। WHO ने लोगों से आग्रह किया था कि वे जो कुछ भी सुनते हैं, उसकी विश्वसनीय स्रोतों से दोबारा जांच करें।

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